वाराणसी: काशी में रंगभरी एकादशी के साथ ही पारंपरिक होली उत्सव की शुरुआत हो चुकी है। होली को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह सतर्क हो गई है। इस बार शहर में करीब 2500 स्थानों पर होलिका दहन किया जाएगा। त्योहार को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए पुलिस ने व्यापक इंतजाम किए हैं।
गंगा घाटों से लेकर संकरी गलियों तक होली के दिन भारी भीड़ उमड़ती है। इसे देखते हुए पुलिस ने सभी कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। शहर की निगरानी के लिए ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी नेटवर्क का सहारा लिया जाएगा। प्रमुख चौराहों, संवेदनशील इलाकों और जुलूस मार्गों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
स्पेशल टीमें और सादे कपड़ों में तैनाती
पुलिस ने होली के मद्देनजर विशेष टीमें गठित की हैं। थाना और एसीपी स्तर पर आयोजकों के साथ बैठकें कर सुरक्षा व्यवस्था की रूपरेखा तय की गई है। जुलूसों के दौरान सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे, ताकि किसी भी तरह की अवांछनीय गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
2500 स्थानों पर होगा होलिका दहन
पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने बताया कि रंगभरी एकादशी और मसान की होली का कार्यक्रम शांतिपूर्वक संपन्न हो चुका है। अब मुख्य होली पर्व की तैयारियां जोरों पर हैं। शहर में लगभग 2500 स्थानों पर होलिका दहन होगा और कई इलाकों से जुलूस भी निकाले जाएंगे। सभी होलिका स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर
पुलिस ने पिछले 10 वर्षों में होली के दौरान उपद्रव करने वाले लोगों की पहचान कर उन्हें पाबंद किया है। ऐसे तत्वों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की हुड़दंग, जबरन रंग लगाने या कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
शालीनता से त्योहार मनाने की अपील
पुलिस प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि होली का त्योहार प्रेम, भाईचारे और शालीनता के साथ मनाएं। किसी पर जबरदस्ती रंग न डालें, बीमार या असहज लोगों का ध्यान रखें और सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखें।
काशी में परंपरा और उत्साह के बीच सुरक्षा का मजबूत घेरा इस बार होली को और भी व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
