पश्चिम एशिया में तनाव खुली जंग जैसे हालात में बदल गया है। अमेरिका और इस्राइल ने ईरान के ठिकानों पर संयुक्त हवाई हमले किए, जिसके जवाब में ईरान ने क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्य अड्डों को निशाना बनाया। कई शहरों में सायरन बजाए गए और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं।
नेतन्याहू–ट्रंप वार्ता
इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच फोन पर बातचीत हुई। दोनों नेताओं ने सुरक्षा हालात और आगे की रणनीति पर चर्चा की, हालांकि विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई।
संयुक्त राष्ट्र में हलचल
ईरान ने हमलों को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताते हुए संयुक्त राष्ट्र से हस्तक्षेप की मांग की है। महासचिव एंटोनियो गुटेरेस को पत्र भेजा गया। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक में रूस और चीन की पहल पर स्थिति की समीक्षा की जा रही है।
ईरान और रूस की प्रतिक्रिया
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि फिलहाल सीधी वार्ता नहीं हो रही, लेकिन बातचीत की संभावना बनी है। उन्होंने सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के सुरक्षित होने की पुष्टि की। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भी हालात पर चिंता जताई और क्षेत्रीय स्थिरता पर जोर दिया।
मैदान पर संवेदनशील हालात
इस्राइल ने ईरानी मिसाइल ठिकानों पर नए हमलों का दावा किया है। कुछ रिहायशी इलाकों और एक स्कूल परिसर को नुकसान की खबर है। कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर ड्रोन हमले से सीमित क्षति और कुछ लोगों के घायल होने की सूचना है।
भारत समेत कई देशों की अपील
भारत और अन्य देशों ने संयम बरतने और कूटनीतिक समाधान तलाशने की अपील की है। क्षेत्र में तनाव बना हुआ है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर अगले कदम पर टिकी है।
