- जिस भाई के साथ खेला, उसी की जान का दुश्मन बना
वाराणसी: जिले के सिंधौरा थाना क्षेत्र अंतर्गत मझवां गांव से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां गुरुवार रात करीब 9 बजे जमीन पर कब्जे के पुश्तैनी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। मामूली कहासुनी से शुरू हुआ झगड़ा इस कदर बढ़ा कि एक चचेरे भाई ने दूसरे की जान ले ली। हमलावर भाई घर से पिस्टल लेकर आया और अपने ही चचेरे भाई की कनपटी पर सटाकर गोली दाग दी।
पड़ोस में रहने वाले चचेरे भाई बबलू सिंह और 20 वर्षीय सौरभ सिंह उर्फ बंटी (पुत्र लालू सिंह) के बीच मकान और जमीन के टुकड़े को लेकर लंबे समय से खींचतान चल रही थी। इससे पहले भी दोनों पक्षों में कई बार कहासुनी हो चुकी थी, लेकिन गुरुवार की रात यह विवाद हिंसक झड़प में बदल गया।
बीच-बचाव भी रहा नाकाम, मौके पर ही थमी सांसें
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दोनों पक्षों को लड़ता देख आसपास के ग्रामीणों ने बीच-बचाव करने की पुरजोर कोशिश की। मगर हमलावर बबलू सिंह पर खून सवार था। उसने आव देखा न ताव, सीधे सौरभ के सिर को निशाना बनाकर गोली मार दी। गोली लगते ही सौरभ खून से लथपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा और मौके पर ही उसने दम तोड़ दिया।
बाइक से फरार हुए हमलावर
हत्याकांड को अंजाम देने के बाद मुख्य आरोपी बबलू सिंह अपने भाई के साथ मोटरसाइकिल पर सवार होकर भागने लगा। ग्रामीणों ने हौसला दिखाते हुए कुछ दूर तक उनका पीछा भी किया, लेकिन आरोपी चकमा देकर फूलपुर की तरफ रफूचक्कर होने में कामयाब रहे।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही टूट चुकी थी सांसों की डोर
घटना के तुरंत बाद बदहवास परिजन और ग्रामीण लहूलुहान सौरभ को लेकर पास के डॉक्टर के पास भागे, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। बाद में मौके पर पहुंची पुलिस की मौजूदगी में शव को शहर के दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल ले जाया गया, लेकिन वहां भी डॉक्टरों ने उसे मृत ही बताया। जवान बेटे की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
छावनी में तब्दील हुआ गांव, धरपकड़ के लिए टीमें गठित
वारदात की गंभीरता को देखते हुए सिंधौरा थाना प्रभारी ने तुरंत उच्चाधिकारियों को मामले की जानकारी दी। घटना के बाद गांव में पनपे तनाव को देखते हुए एडीसीपी गोमती जोन, एसीपी पिंडरा और एसओजी (SOG) समेत कई थानों की भारी पुलिस फोर्स मौके पर तैनात कर दी गई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और फरार आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की जा रही है।
