वाराणसी। लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे (बाबतपुर) पर रविवार, 16 अगस्त की सुबह सुरक्षा जांच के दौरान दुर्घटनावश हुई फायरिंग के मामले में केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कड़ा रुख अपनाया है। मंत्रालय ने इस गंभीर सुरक्षा चूक पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है, जिसके बाद केंद्रीय जांच एजेंसियां हरकत में आ गई हैं। एक सप्ताह के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंपी जाएगी, जिसके आधार पर लापरवाह अधिकारियों और कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की संभावना है।
हथियार की जांच के दौरान हुआ हादसा
मुंबई जा रही ‘एअर इंडिया एक्सप्रेस’ (फ्लाइट IX-1810) में सवार होने पहुंचे आजमगढ़ निवासी और पूर्व पार्षद कमलेश राय अपनी लाइसेंसी पिस्टल के साथ यात्रा कर रहे थे। उन्होंने पहले ही हथियार साथ ले जाने की घोषणा (डिक्लेयर) कर दी थी। स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर एयरपोर्ट 11 से 20 अगस्त तक हाई अलर्ट पर था, इसके बावजूद हथियार सत्यापन के दौरान सुरक्षा प्रोटोकॉल का खुला उल्लंघन हुआ।
प्रोटोकॉल की अनदेखी बनी वजह
सीसीटीवी फुटेज और एयरपोर्ट निदेशक पुनीत गुप्ता के अनुसार, नियमानुसार हथियार की जांच और अनलोडिंग सुरक्षाकर्मियों को करनी चाहिए थी। हालांकि, राजनीतिक दबाव के चलते यात्री खुद पिस्टल की जांच करने लगा। इसी दौरान चैंबर में फंसा कारतूस ट्रिगर दबते ही फायर हो गया। फर्श से टकराकर गोली के छर्रे पास मौजूद ग्राउंड स्टाफ सुमन (32, निवासी गया, बिहार) की जांघ में और रोहित राज के हाथ में जा लगे। दोनों घायलों को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जांच के घेरे में सुरक्षा व्यवस्था
घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने कमलेश राय को हिरासत में लेकर फूलपुर पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने उनके पास से पिस्टल और 21 जिंदा कारतूस जब्त किए हैं। जांच दल इस बात की पड़ताल कर रहे हैं कि हाई-सिक्योरिटी जोन में हथियार को संभालने का काम यात्री के हाथ में क्यों दिया गया और क्या निजी सुरक्षा कर्मियों ने दबाव में नियमों से समझौता किया। एयरपोर्ट अथॉरिटी, एयरलाइंस स्टाफ और सुरक्षाकर्मियों से पूछताछ के साथ सीसीटीवी फुटेज की बारीकी से जांच की जा रही है।
