वाराणसी: मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के हरपुर गाँव में इंसानियत और दोस्ती को तार-तार कर देने वाला एक खौफनाक मामला सामने आया है। यहाँ एक युवक पर अपने ही दोस्त को सुनसान इलाके में ले जाकर गला घोंटने और मरा हुआ समझकर कुएं में फेंकने का गंभीर आरोप लगा है। गनीमत रही कि पीड़ित की जान बच गई, और अब पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर आगे की तफ्तीश शुरू कर दी है।
क्या है पूरा मामला?
हरसोस गाँव के रहने वाले प्रकाश चंद्र ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनका बेटा विवेक कुमार पटेल 28 जुलाई की रात करीब 12:30 बजे लहूलुहान और बदहवास हालत में घर पहुँचा। डायल-112 की मदद से परिजनों ने उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ उसका इलाज चल रहा है।
पीड़ित के मुताबिक, हरपुर निवासी उसके परिचित सराफत अली ने रात करीब 9:30 बजे किसी जरूरी काम का बहाना बनाया और उसे अपनी बाइक पर बैठाकर साथ ले गया था।
वारदात की खौफनाक दास्तान
- गला घोंटकर बेहोश किया: आरोपी विवेक को मेहंदीगंज के पास रिंग रोड किनारे स्थित एक कुएं के पास ले गया। वहाँ पीछे से गमछे से उसका गला कस दिया गया। विरोध करने पर चेहरे पर मुक्का मारकर उसे बेहोश कर दिया गया।
- कुएं के अंदर मिला होश: जब विवेक को होश आया, तो उसने खुद को खून से लथपथ कुएं के अंदर पाया। जब उसने शोर मचाया, तो आरोपी वहीं मौजूद मिला और उसने कबूला कि वह उसे मृत समझकर कुएं में फेंक कर चला गया था।
- धमकी और पैसे का ऑफर: काफी देर बाद आरोपी ने साड़ी के सहारे उसे कुएं से बाहर निकाला। इसके बाद उसने चुप रहने के लिए 10 हजार रुपये देने का लालच दिया और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित का मोबाइल फोन और पर्स भी गायब बताए जा रहे हैं।
पुलिस की कार्रवाई
इस सनसनीखेज घटना के बाद पीड़ित पक्ष की तहरीर पर मिर्जामुराद पुलिस ने तुरंत एक्शन लेते हुए मुकदमा दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी गोपाल जी कुशवाहा ने मीडिया को जानकारी दी कि मामले की गहराई से जाँच की जा रही है। साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
