वाराणसी। शहर के जैतपुरा थाना क्षेत्र में रेलवे लाइन के पास AK-47 राइफल मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। राह से गुजर रहे एक युवक की नजर जैसे ही इस हथियार पर पड़ी, उसने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने राइफल को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
जानकारी के अनुसार, सरैया इलाके के पास रेलवे ट्रैक किनारे यह अत्याधुनिक राइफल पड़ी मिली। पुलिस ने जब हथियार की जांच की तो उसमें मैगजीन लगी हुई थी और उसमें गोलियां भी भरी थीं। यह देख मामला और अधिक संवेदनशील हो गया, जिसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों को तुरंत सूचना दी गई।
मौके पर पहुंचे वरिष्ठ अधिकारी, जांच शुरू
घटना की गंभीरता को देखते हुए डीसीपी काशी, एडीसीपी और एसीपी चेतगंज सहित कई अधिकारी मौके पर पहुंचे और पूरे क्षेत्र का निरीक्षण किया। साथ ही रेलवे सुरक्षा बल (RPF) को भी सूचना दी गई। पुलिस ने आसपास के इलाके में जांच और पूछताछ भी शुरू कर दी।
CRPF जवान की बताई जा रही राइफल
प्राथमिक जांच में सामने आया कि यह राइफल केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के एक जवान की हो सकती है। जानकारी के मुताबिक, जवानों की एक टुकड़ी ट्रेन से पश्चिम बंगाल में चुनाव ड्यूटी के लिए जा रही थी। इसी दौरान आशंका जताई जा रही है कि किसी जवान की राइफल ट्रेन से नीचे गिर गई होगी।
पुलिस का कहना है कि संभव है कि राइफल गिरने की जानकारी संबंधित जवान या उसकी टुकड़ी को भी न हो, इसलिए अब तक इसकी कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई थी।
डीडीयू जंक्शन पर मिली जानकारी, जवान को लौटाई गई राइफल
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि संबंधित ट्रेन पंडित दीनदयाल उपाध्याय (डीडीयू) जंक्शन पर खड़ी थी। इसके बाद CRPF अधिकारियों से संपर्क किया गया। कंपनी कमांडर ने पुष्टि की कि एक जवान की राइफल रास्ते में कहीं गिर गई थी।
इसके बाद संबंधित जवान जैतपुरा थाने पहुंचा और औपचारिक कार्रवाई के बाद राइफल उसे वापस सौंप दी गई। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। चलती ट्रेन से इतना संवेदनशील हथियार गिर जाना और इसकी जानकारी जवान या टुकड़ी को न होना सुरक्षा में बड़ी चूक माना जा रहा है।
हालांकि, पुलिस द्वारा समय रहते राइफल बरामद कर लिए जाने से संभावित खतरा टल गया, जिससे प्रशासन ने राहत की सांस ली है।
