वाराणसी: काशी अब तेजी से आधुनिक विकास और स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर की दिशा में आगे बढ़ रही है। शहर की पारंपरिक पहचान को बरकरार रखते हुए उसे आधुनिक सुविधाओं से जोड़ने की दिशा में नगर निगम ने एक बड़ा फैसला लिया है। कैंट स्थित मालगोदाम की जमीन पर ‘नमो बनारस केंद्र’ विकसित किया जाएगा, जो आने वाले समय में व्यापार और रोजगार का बड़ा केंद्र बन सकता है।
यह महत्वाकांक्षी परियोजना खास तौर पर बनारसी साड़ी उद्योग और दवा मंडी से जुड़े व्यापारियों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान करेगी, जिससे उनका कारोबार और अधिक संगठित व सशक्त हो सकेगा।
145 करोड़ रुपये से बनेगा आधुनिक कॉम्प्लेक्स
महापौर अशोक कुमार तिवारी की अध्यक्षता में हुई नगर निगम की कार्यकारिणी बैठक में इस योजना को सर्वसम्मति से मंजूरी दी गई। लगभग 0.82 हेक्टेयर क्षेत्र में बनने वाले इस जी+6 मल्टीस्टोरी कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स पर करीब 145.36 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
इस कॉम्प्लेक्स में कुल 844 आधुनिक दुकानें बनाई जाएंगी, जिनका आकार 155 वर्ग फीट से लेकर 655 वर्ग फीट तक होगा। इस परियोजना का उद्देश्य छोटे और बड़े दोनों प्रकार के व्यापारियों को एक ही छत के नीचे बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
परियोजना के वित्तपोषण के लिए नगर निगम ने एक मिश्रित मॉडल तैयार किया है, जिसके तहत लगभग 100 करोड़ रुपये व्यापारियों से जुटाए जाएंगे, जबकि शेष राशि राज्य वित्त आयोग के अनुदान से पूरी की जाएगी।
स्मार्ट सिटी की ओर कदम, अस्पतालों में मिलेगा फ्री वाई-फाई
डिजिटल कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए नगर निगम ने शहर के प्रमुख अस्पतालों में मुफ्त वाई-फाई सुविधा उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। इसके तहत ट्रॉमा सेंटर, बीएचयू अस्पताल और कैंसर अस्पताल में मरीजों और उनके तीमारदारों को यह सुविधा दी जाएगी।
इससे दूर-दराज से आने वाले लोगों को इलाज के दौरान डिजिटल सुविधाओं का लाभ मिल सकेगा और वे बेहतर तरीके से अपने काम भी कर पाएंगे।
अतिक्रमण पर सख्ती, प्रवर्तन दल होगा मजबूत
शहर में बढ़ते अतिक्रमण को नियंत्रित करने के लिए नगर निगम ने प्रवर्तन दल को मजबूत करने का निर्णय लिया है। आउटसोर्सिंग के माध्यम से 19 नए जवानों की भर्ती की जाएगी, जिससे टीम की संख्या 21 से बढ़कर 40 हो जाएगी।
इसके साथ ही श्रमिकों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी, ताकि हर जोन में कम से कम चार कर्मचारी तैनात रह सकें। इससे अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तेज और प्रभावी होगी।
होम स्टे और पेट्रोल पंप पर अहम फैसले
बैठक में मैदागिन स्थित पेट्रोल पंप के पट्टे का नवीनीकरण करते हुए 55,000 रुपये मासिक किराया तय किया गया। इसके अलावा होम स्टे और पेइंग गेस्ट हाउस के लिए 1500 रुपये वार्षिक लाइसेंस शुल्क को भी मंजूरी दी गई।
इससे पर्यटन और स्थानीय आवास व्यवस्था को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
83 अनुपयोगी वाहन होंगे नीलाम
नगर निगम ने शहर में बेकार पड़े 83 वाहनों की नीलामी का फैसला लिया है। हालांकि, सीएसआर फंड से प्राप्त 31 ई-गार्बेज वाहनों की नीलामी फिलहाल जांच पूरी होने तक स्थगित कर दी गई है।
अब टेंडर के एक सप्ताह के भीतर होगा अनुबंध
विकास कार्यों में हो रही देरी पर महापौर ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिया कि अब टेंडर जारी होने के एक सप्ताह के भीतर ठेकेदार के साथ अनुबंध करना अनिवार्य होगा, ताकि कार्य समय पर शुरू हो सके।
नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने भी स्पष्ट किया कि निर्माण कार्य समय सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाने चाहिए, अन्यथा संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई होगी।
नए बिजली उपकेंद्रों को मिली मंजूरी
बैठक में सलारपुर और पहाड़िया क्षेत्रों में नए बिजली उपकेंद्र स्थापित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। इन उपकेंद्रों के बनने से आसपास के इलाकों में लो-वोल्टेज और बिजली कटौती की समस्या से राहत मिलेगी।
अव्यवस्था के कारण बैठक हुई स्थगित
बैठक के दौरान कुछ प्रशासनिक अव्यवस्थाओं को लेकर महापौर ने नाराजगी जताई और कार्यवाही को बीच में ही स्थगित कर दिया। इसके कारण कई जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा अधूरी रह गई।
