वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 28 अप्रैल को अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी के दो दिवसीय दौरे पर पहुंच रहे हैं। इस दौरान वे काशी में अब तक का सबसे बड़ा रोड शो करेंगे, जो शहर की राजनीति और जनसंपर्क के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। भारतीय जनता पार्टी ने इस ऐतिहासिक रोड शो को सफल बनाने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं और विस्तृत रोडमैप भी तैयार किया गया है।
बीएलडब्ल्यू से Shri Kashi Vishwanath Dham तक भव्य रोड शो
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार प्रधानमंत्री का रोड शो 29 अप्रैल की सुबह बीएलडब्ल्यू (बनारस लोकोमोटिव वर्क्स) से शुरू होगा। इसके बाद काफिला लहरतारा, पुलिस लाइन, चौकाघाट, लहुराबीर और मैदागिन होते हुए श्री काशी विश्वनाथ धाम तक पहुंचेगा। लगभग 14 किलोमीटर लंबा यह रोड शो काशी के इतिहास का सबसे बड़ा रोड शो बताया जा रहा है।
पांच स्थानों पर महिलाओं द्वारा स्वागत की योजना
भाजपा ने रोड शो के दौरान पांच प्रमुख स्थानों पर भव्य स्वागत की तैयारी की है। खास बात यह है कि इन स्वागत स्थलों की जिम्मेदारी महिलाओं को सौंपने की योजना बनाई गई है, जिससे महिला सहभागिता को भी प्रमुखता दी जा सके। पार्टी कार्यकर्ता इसे जनसमर्थन का बड़ा प्रदर्शन बनाने में जुटे हैं।
पहले दिन 40 हजार महिलाओं से संवाद
प्रधानमंत्री 28 अप्रैल को शाम करीब 4 बजे वाराणसी पहुंचेंगे। आगमन के बाद वे बरेका ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में लगभग 40 हजार महिलाओं से संवाद करेंगे। इस कार्यक्रम को लेकर महिला मोर्चा की पदाधिकारी लगातार बैठकें कर रही हैं और जिले भर से महिलाओं को शामिल करने की तैयारी की जा रही है। कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री बरेका गेस्ट हाउस में रात्रि विश्राम करेंगे।
बाबा दरबार में दर्शन के बाद आगे का कार्यक्रम
दौरे के दूसरे दिन प्रधानमंत्री सुबह रोड शो करने के बाद Kashi Vishwanath Temple में दर्शन-पूजन करेंगे। इसके बाद वे अन्य कार्यक्रमों के लिए रवाना होंगे। धार्मिक और राजनीतिक दोनों दृष्टिकोण से यह दौरा बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
चुनावी संदेश भी हो सकता है फोकस
29 अप्रैल को पश्चिम बंगाल में चुनावी प्रक्रिया का महत्वपूर्ण चरण भी निर्धारित है। ऐसे में राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि काशी से होने वाला यह रोड शो राष्ट्रीय स्तर पर भी संदेश देने का काम कर सकता है।
संगठन स्तर पर जोरदार तैयारी
भाजपा के स्थानीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता रोड शो को ऐतिहासिक बनाने के लिए जुटे हुए हैं। जगह-जगह साफ-सफाई, सजावट और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन भी अलर्ट मोड में है। काशी की सड़कों पर एक बार फिर भारी भीड़ और उत्साह देखने को मिल सकता है।
यह दौरा न केवल वाराणसी बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति में हलचल पैदा करने वाला माना जा रहा है, जहां एक ओर धार्मिक आस्था का संगम दिखेगा, वहीं दूसरी ओर जनसमर्थन का बड़ा प्रदर्शन भी देखने को मिलेगा।
